मर्डर से पहले आरोपियों ने देखी थी ‘दृश्यम’ फिल्म, कांग्रेस नेत्री को जलाया और कुत्ते को गाड़ दिया

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बॉलीवुड के सिंघम यानी अजय देवगन की दृश्यम फिल्म को बॉक्स ऑफिस खूब सराहा गया. किसी ने सोचा भी नहीं होगा कि इस फिल्म की असल घटना मिनी मुंबई इंदौर में देखने को मिलेगी. ‘दृश्यम’ मूवी को देखकर कांग्रेस नेत्री ट्विंकल डांगरे का अपहरण कर हत्या की घटना को पांच आरोपियों ने अंजाम दिया गया. फ़िल्म में तो आरोपी भले ही बच गए थे, लेकिन इंदौर की घटना को अंजाम देने वाले आरोपी दो साल बाद पुलिस गिरफ्त में आ गए हैं.

अवैध संबंधों से पैदा कलह के चलते युवती के दो साल पुराने हत्याकांड का खुलासा करते हुए पुलिस ने शनिवार को स्थानीय बीजेपी नेता और उसके तीन बेटों समेत पांच लोगों को धर दबोचा. पुलिस का दावा है कि आरोपियों ने अजय देवगन की प्रमुख भूमिका वाली मशहूर थ्रिलर फिल्म “दृश्यम” (2015) देखकर हत्याकांड की साजिश रची थी.

डीआईजी हरिनारायणचारी मिश्रा ने बताया कि बाणगंगा इलाके में रहने वाली ट्विंकल डागरे (22) की हत्या के मामले में बीजेपी नेता जगदीश करोतिया उर्फ कल्लू पहलवान (65), उसके तीन बेटों-अजय (36), विजय (38) और विनय (31) और उसके साथी नीलेश कश्यप (28) को गिरफ्तार किया गया है.

नाजायज रिश्ते थे
मिश्रा ने बताया कि अन्य महिला से पहले से विवाहित करोतिया के ट्विंकल के साथ कथित तौर पर नाजायज रिश्ते थे. ट्विंकल बीजेपी नेता के साथ उसके घर में रहना चाहती थी. इस बात पर बीजेपी नेता के परिवार में आये दिन कलह होता था.

बिछिया से मिला सुराग
मिश्रा ने कहा, “कलह से परेशान करोतिया और उसके बेटों ने ट्विंकल की हत्या की साजिश रची. उन्होंने 16 अक्टूबर 2016 को रस्सी के फंदे से युवती का गला घोंट दिया. फिर उसकी लाश को जला दिया.” उन्होंने बताया कि जिस जगह युवती की लाश जलाई गई थी, वहां से पुलिस ने उसकी बिछिया और ब्रेसलेट बरामद किया है.

कुत्ते का शव बरामद
डीआईजी ने बताया, “हमें पता चला है कि आरोपियों ने हत्याकांड की साजिश रचने के दौरान ‘दृश्यम’ फिल्म देखी थी. उन्होंने इस फिल्म के एक सीन की तर्ज पर कुत्ते के शव को एक स्थान पर गाड़ दिया था. फिर यह बात जान-बूझकर फैला दी थी कि उन्होंने गड्ढे में किसी का शव गाड़ा है.” पुलिस अफसर ने बताया, “जब पुलिस ने इस स्थान की खुदाई कराई, तो वहां से कुत्ते के शव के अवशेष बरामद किए गए. इससे पुलिस की जांच कुछ समय के लिए भटक गई.”

मिश्रा ने बताया कि वैज्ञानिक तरीके से मामले की गुत्थी सुलझाने के लिए गुजरात की एक लैब में करोतिया और उनके दो बेटों का ब्रेन इलेक्ट्रिकल आसलेशन सिग्नेचर (बीईओएस) टेस्ट कराया गया. शहर के इतिहास में किसी आपराधिक वारदात को सुलझाने के लिए पहली बार बीईओएस टेस्ट कराया गया.

बीजेपी विधायक पर उठे सवाल
ट्विंकल के परिजन प्रदेश की पूर्ववर्ती बीजेपी सरकार के राज में इस पार्टी के तत्कालीन विधायक सुदर्शन गुप्ता पर करोतिया और उसके बेटों को पुलिस से “संरक्षण” देने का आरोप लगाते रहे हैं. हालांकि, इस बारे में पूछे जाने पर डीआईजी ने कहा कि मामले में गुप्ता की किसी भूमिका को लेकर पुलिस को अभी कोई भी सबूत नहीं मिला है. विस्तृत जांच जारी है.

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